गैंगरेप पीड़िता ने की आत्महत्या, आरोपितों पर कार्रवाई न होने से थी आहत

युवती ने अश्लील वीडियो बनाने और ब्लैकमेल करने का आरोप भी लगाया था। पुलिस ने मामला तो दर्ज कर लिया, लेकिन आरोपितों पर कार्रवाई नहीं की। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक संतोष कुमार सिंह बताया कि युवती ने शिकायत दर्ज कराई थी।

बुलंदशहर। उत्तर प्रदेश में बुलंदशहर जिले के अनूपशहर क्षेत्र में स्थित सामूहिक दुष्कर्म की शिकार 19 वर्षीय एक युवती ने आरोपितों पर कार्रवाई न होने से आहत होकर आत्महत्या कर ली। पीड़िता ने अपने सुसाइड नोट में आरोपितों के नाम का जिक्र किया है। पीड़िता के आत्महत्या करने से जिला और पुलिस प्रशासन में हड़कंप मच गया वहीं मामले के जांच अधिकारी को एसएसपी ने सस्पेंड कर दिया है।

बताया जाता है कि गांव निवासी युवती का 16 अक्टूबर को गांव के ही कमरूदीन ने पड़ोसी गांव लच्छमपुर के प्रधान अबरार और प्रधान के रिश्तेदार अलीगढ़ के छर्रा निवासी मुवीन के साथ अपहरण कर लिया था। युवती का आरोप था कि उसके साथ सामूहिक दुष्कर्म हुआ है।

युवती ने अश्लील वीडियो बनाने और ब्लैकमेल करने का आरोप भी लगाया था। पुलिस ने मामला तो दर्ज कर लिया, लेकिन आरोपितों पर कार्रवाई नहीं की। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक संतोष कुमार सिंह बताया कि युवती ने शिकायत दर्ज कराई थी।

उन्होंने बताया कि शिकायत दर्ज कराने के बाद युवती ने कहा कि उसने परिवार के दबाव में शिकायत दर्ज कराई और संकेत दिया कि ‘ऐसी कोई घटना नहीं हुई थी। पुलिस के मुताबिक 164 के तहत दर्ज बयान में युवती ने घटना से पूरी तरह से इनकार किया।

उन्होंने बताया कि पीड़िता के बयान के आधार पर मामले में पुलिस ने अंतिम रिपोर्ट लगा दी। पुलिस ने बताया कि 24 अक्टूबर को युवती ने दूसरी शिकायत कमरुद्दीन, उसके मामा मुबीन और दोस्त अबरार के खिलाफ दर्ज कराई।

सिंह ने बताया कि मामले की जांच में प्रथमदृष्टया आरोपों की पुष्टि नहीं हुई लेकिन जांच अधिकारी को मामला सुलझाना चाहिए था लेकिन ऐसा नहीं हुआ जिसकी वजह से उसे निलंबित कर दिया गया।

मामले में लापरवाही के चलते अनूपशहर के क्षेत्राधिकारी और अनूपशहर थाने के प्रभारी को निलंबित कर दिया गया है और पुलिस अधीक्षक (क्राइम) को मामले की जांच कर 24 घंटे में रिपोर्ट देने को कहा गया है।

First Published on: November 17, 2020 11:37 AM
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