प्रियंका गांधी ने लगाया आरोप, कहा – ‘सपा और बसपा का भाजपा से है समझौता’

प्रियंका ने सिद्धार्थनगर के इटवा क्षेत्र में आयोजित जनसभा को संबोधित करते हुए आरोप लगाया, "यह समाजवादी दल और बसपा, भाजपा से समझौता किए हुए हैं...

सिद्धार्थनगर (उत्तर प्रदेश)। कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाद्रा ने समाजवादी पार्टी (सपा) और बहुजन समाज पार्टी (बसपा) पर सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) से अंदरखाने समझौता करने का आरोप लगाते हुए मंगलवार को कहा कि अपने खिलाफ जांच के डर से इन दोनों दलों ने पिछले पांच वर्षों के दौरान भाजपा सरकार के अत्याचारों के खिलाफ आवाज नहीं उठाई।

प्रियंका ने संशोधित नागरिकता कानून (सीएए) और राष्ट्रीय नागरिक पंजी (एनआरसी) के खिलाफ हुए आंदोलन के दौरान कथित रूप से पुलिस की गोली से कई लोगों के मारे जाने का जिक्र करते हुए कहा कि सपा और बसपा का कोई नेता उनके परिवारों से मिलने नहीं गया।

उन्होंने कहा कि सिर्फ कांग्रेस ने ही उनकी सुध ली और इसी तरह जब आगरा में दलित अरुण वाल्मीकि और उसके परिवार को पुलिस ने बेरहमी से पीटा और हाथरस में एक लड़की की बलात्कार के बाद मौत हो गई और प्रशासन ने उसके शव को जबरन जलवा दिया, तब भी सपा और बसपा का कोई नेता उनके यहां नहीं गया।

प्रियंका ने जनता पर जाति और धर्म की राजनीति को बढ़ावा देने का आरोप लगाते हुए उसे आंखें खोलने की सलाह दी और कहा, “जब अत्याचार आपके पास आया तो क्या उसने पूछा कि आप की क्या जाति और धर्म है। जब महंगाई और बेरोजगारी आती है तो क्या वह पूछती है कि आपकी धर्म और जाति क्या है? तो यह राजनीतिक दलों के नेता आप से जाति और धर्म की बात क्यों करते हैं।” कांग्रेस महासचिव ने कहा “दूसरी पार्टियों के नेता जनता के मंचो पर खड़े होकर पाकिस्तान, आतंकवाद, बुलडोजर और यहां तक कि रूस और यूक्रेन की बातें भी क्यों कर रहे हैं।’’

उन्होंने पूछा कि क्या इससे आपको रोजी-रोटी मिल रही है, क्या आपकी तरक्की हो रही है? आप आंखें खोल लीजिए। तरक्की सिर्फ इन्हीं लोगों की हो रही है।” उन्होंने कहा, ‘‘जनता के लिए संघर्ष सिर्फ और सिर्फ कांग्रेस पार्टी ने किया है। सिर्फ कांग्रेस ही आपके लिए सड़क पर उतरी। कांग्रेस ने आपका धर्म और जाति नहीं पूछी।’’ प्रियंका ने जाति और धर्म के आधार पर चुने जाने वाले नेताओं की तुलना किसी निकम्मे लड़के से करते हुए जनता से कहा, “आपने जाति धर्म के आधार पर वोट देकर ऐसे नेताओं की आदत डाल दी है। आखिर यह आदत आप कब तोड़ेंगे।’’

उन्होंने कहा, ‘‘वे जानते हैं कि आप हर चुनाव में उन्हें जाति और धर्म के आधार पर वोट दे देंगे इसलिए उन्हें आप के विकास के लिए कोई काम करने की जरूरत नहीं है।”

First Published on: March 1, 2022 6:15 PM
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