उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव के लिए कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी ने आज प्रत्याशियों की दूसरी लिस्ट जारी कर दी है। उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव के लिए कांग्रेस ने आज अपनी 41 प्रत्याशियों की दूसरी लिस्ट जारी कर दी है। इस लिस्ट में 40 फीसदी महिलाओं को टिकट देने के अलावा न्याय के लिए संघर्ष करने वाली आवाजों को वरीयता दी गयी है। इस लिस्ट में कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी ने वाल्मीकि समाज के अधिकारों के लिए लड़ने वाले सिकंदर वाल्मीकि को आगरा कैंट सीट पर प्रत्याशी बनाया है। उन्होंने वाल्मीकि समाज पर भाजपा सरकार के अत्याचार के खिला लगातार संघर्ष किया।
इसके साथ गीता रानी शर्मा ने कहा कि मेरा परिवार 1990 से कांग्रेसी है और मैं पिछले काफी समय से चुनाव लड़ने की तैयारी कर रही थी। साथ ही बताया कि प्रियंका गांधी के ‘लड़की हूं, लड़ सकती हूं’ स्लोगन से मुझे बहुत उम्मीद मिली थी, लेकिन कांग्रेस ने मेरा टिकट काट दिया। परिवार की कुर्बानियों का कांग्रेस से ये सिला मिला है।
10 मार्च नहीं खाऊंगी खाना
गीता रानी शर्मा ने प्रियंका गांधी को संबोधित करते हुए कहा कि पार्टी को सर्वे के आधार पर टिकट देना चाहिए था, लेकिन यहां ऐसा नहीं किया गया है। इसके साथ उन्होंने रोते हुए कहा कि मैं किसी दल में नहीं जाऊंगी और निर्दलीय मैदान में उतरूंगी। वहीं, उन्होंने 10 मार्च तक खाना नहीं खाने और भूख हड़ताल पर बैठने का ऐलान किया है।
सरकार नौकरी छोड़ राजनीति में उतरीं
जानकारी के मुताबिक, गीता पिछले काफी समय से बुलंदशहर में सक्रिय हैं। यही नहीं, उन्होंने राजनीति के लिए पुलिस की सरकार नौकरी छोड़कर एलएलबी करने का फैसला किया था। वह इस वक्त एलएलबी की छात्रा हैं। जबकि उनका परिवार कांग्रेसी है, इसलिए वह बचपन से कांग्रेस कार्यकर्ता हैं। बता दें कि कांग्रेस ने बुलंदशहर की सदर सीट पर सुशील चौधरी को अपना प्रत्याशी बनाया है।
कांग्रेस ने अब तक 66 महिलाओं को दिया टिकट
यूपी चुनाव के लिए कांग्रेस ने आज अपनी 41 प्रत्याशियों की दूसरी लिस्ट में 16 महिलाओं पर दांव खेला है। जबकि कांग्रेस ने अपनी 125 प्रत्याशियों की पहली लिस्ट में 50 महिलाओं को जगह दी थी। इसके साथ वह अब तक 66 महिलाओं को मैदान में उतार चुकी हैं।
