सऊदी अरब: सऊदी अरब के पूर्वी क्षेत्र में स्थित किंग फहद इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर बुधवार देर रात हुए हमले में एक व्यक्ति की मौत हो गई, जबकि आठ अन्य घायल हो गए। सऊदी नागरिक उड्डयन प्राधिकरण के मुताबिक, हमले में एयरपोर्ट को भी नुकसान पहुंचा है। घटना के बाद कई उड़ानों के मार्ग में बदलाव किया गया।
वैश्विक फ्लाइट ट्रैकिंग सेवा Flightradar24 ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर जानकारी दी कि रात के दौरान कई विमानों को उनके निर्धारित मार्ग से हटाया गया। दम्माम में फारस की खाड़ी के पास स्थित किंग फहद इंटरनेशनल एयरपोर्ट बहरीन और कतर के नजदीक है।
पूर्वी सऊदी अरब में ड्रोन हमलों की पुष्टि
सऊदी गठबंधन के अनुसार, देश के पूर्वी क्षेत्र में ड्रोन से किए गए चार हमलों को रोक दिया गया। हालांकि, ताजा एयरपोर्ट हमले की जिम्मेदारी ईरान समर्थित हूती संगठन ने नहीं ली है और न ही इस पर कोई टिप्पणी की है।
एयरपोर्ट पर हमले से पहले दक्षिण-पूर्वी सऊदी अरब में अरामको के शायबह तेल क्षेत्र में भी ड्रोन से जुड़ी घटना सामने आई थी। सऊदी ऊर्जा मंत्रालय के मुताबिक, एक ड्रोन को इंटरसेप्ट किए जाने के बाद उसका मलबा तेल क्षेत्र में गिर गया, जिससे दो लोगों की मौत हो गई और दो अन्य घायल हो गए।
मारे गए दोनों लोग नेपाल और फिलीपींस के नागरिक थे, जबकि घायलों में पाकिस्तान और भारत के नागरिक शामिल थे। मंत्रालय ने बताया कि मलबा गिरने के कारण तेल क्षेत्र में एक ठेकेदार के वाहन में आग भी लग गई।
सऊदी तेल ठिकाने भी बन रहे निशाना
सऊदी अरब के तेल प्रतिष्ठानों पर हाल के दिनों में हमलों और ड्रोन को रोकने की घटनाओं के दौरान नुकसान की खबरें सामने आई हैं। पिछले महीने एक इंटरसेप्ट किए गए हूती ड्रोन का मलबा गिरने से सऊदी अरब में रह रहे एक यमनी नागरिक की मौत हो गई थी।
इस महीने की शुरुआत में पूर्वी सऊदी अरब में हुए एक हमले के बाद दुनिया की प्रमुख तेल कंपनियों में शामिल अरामको की एक प्रशासनिक इमारत में भी सीमित स्तर पर आग लगने की खबर सामने आई थी।
किंग फहद इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर ताजा हमले और शायबह तेल क्षेत्र में हुई घटना ने सऊदी अरब के महत्वपूर्ण परिवहन एवं ऊर्जा प्रतिष्ठानों की सुरक्षा को लेकर चिंताएं बढ़ा दी हैं। हालांकि, एयरपोर्ट पर हुए हमले के पीछे किसका हाथ है, इसकी आधिकारिक पुष्टि अभी नहीं हुई है।
