नई दिल्ली। दिल्ली जल बोर्ड के उपाअध्यक्ष राघव चड्ढा ने शनिवार को हरियाणा सरकार पर दिल्ली के लिए कम जलापूर्ति करने का आरोप लगाया, जिससे राष्ट्रीय राजधानी में पानी का गंभीर संकट पैदा हो गया है।
आप विधायक ने एक संवाददाता सम्मेलन में कहा कि हरियाणा प्रतिदिन करीब दस करोड़ गैलन पानी की कम आपूर्ति कर रहा है जिसके चलते एनडीएमसी क्षेत्रों, मध्य, दक्षिण और पश्चिम दिल्ली में पानी का संकट पैदा हो गया है।
दिल्ली की जनता की तरफ से हाथ जोड़ कर Haryana सरकार से विनती 🙏🏻
Delhi का पानी मत रोकिए, दिल्ली को पीने के लिए पानी चाहिए!
कानूनी जिम्मेदारी के अनुसार पूरा MGD पानी Yamuna नदी में छोड़ दीजिए- @raghav_chadha pic.twitter.com/Z9RHRM95Q1
— AAP (@AamAadmiParty) July 10, 2021
चड्ढा ने कहा, ‘‘हरियाणा सरकार ने उच्चतम न्यायालय द्वारा निर्देशित दिल्ली के लोगों के कानूनी हक को रोका है। क्योंकि उन्होंने यमुना में पानी की आपूर्ति कम कर दी है इसके कारण तीन प्रमुख जल शोधन संयंत्रों से प्रतिदिन कम जल तैयार हो रहा है।’’ उन्होंने कहा कि चंद्रावल जल शोधन संयंत्र की उत्पादन क्षमता पहले के 90 एमजीडी से घटकर 55 एमजीडी हो गयी है, वजीराबाद पहले के 135 एमजीडी की तुलना में 80 एमजीडी का उत्पादन कर रहा है और ओखला जल शोधन संयंत्र अपने पहले के 20 एमजीडी के बजाय 15 एमजीडी की आपूर्ति कर रहा है।
चड्ढा ने कहा, ‘‘उच्चतम न्यायालय के निर्देश पर ऊपरी यमुना नदी बोर्ड (यूवाईआरबी) ने हरियाणा को दिल्ली की पानी की आवश्यकता से 150 क्यूसेक अधिक की आपूर्ति करने का निर्देश दिया था, लेकिन अतिरिक्त पानी की तो बात ही छोड़िए, हरियाणा जरूरत की पूर्ति भी नहीं कर रहा है।’’ उन्होंने इस संबंध में हरियाणा सरकार और संबंधित अधिकारियों ने 12 पत्र भेजे जाने का दावा करते हुए कहा कि इन पत्रों का ‘‘कोई जवाब नहीं’’ आया।









